सूचना आयोग के निर्देश पर सुप्रीम कोर्ट में अपील.
संत जोसेफ कॉलेज ने आरटीआई मामले को सर्वोच्च अदालत तक पहुंचाया.
झारखंड के खूंटी जिले में स्थित संत जोसेफ कॉलेज ने सूचना अधिकार से जुड़े एक मामले में सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। कॉलेज ने सूचना आयोग द्वारा पारित आदेश को चुनौती देते हुए यह अपील दाखिल की है। आयोग ने कॉलेज को एक प्रोफेसर को मांगी गई जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया था। यह विवाद पिछले कई वर्षों से चला आ रहा है। कॉलेज लगातार आरटीआई के तहत सूचना देने से बचता रहा है। अब यह मामला देश की सर्वोच्च अदालत तक पहुंच गया है।
कॉलेज के प्रोफेसर अक्षय कुमार राय ने आरटीआई अधिनियम के तहत आवेदन दायर किया था। उन्होंने वर्ष 2011 से 2015 के बीच की वित्तीय जानकारियां मांगी थीं। इसमें ऑडिट रिपोर्ट, खर्च से जुड़े उपयोगिता प्रमाण पत्र शामिल थे। इसके अलावा गवर्निंग बॉडी की बैठकों की कार्यवाही की प्रतियां भी मांगी गई थीं। कॉलेज प्रशासन ने इन सूचनाओं को गोपनीय बताते हुए देने से इनकार कर दिया। कॉलेज ने यह तर्क भी दिया कि वह एक अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्था है।
सूचना आयोग ने मामले की सुनवाई के बाद कॉलेज को सभी सूचनाएं देने का आदेश दिया था। इसके खिलाफ कॉलेज ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की। हाईकोर्ट ने सूचना आयोग के फैसले को बरकरार रखा। बाद में दायर एलपीए भी खारिज कर दी गई। अदालत ने कहा कि सरकारी अनुदान मिलने के कारण आरटीआई कानून लागू होता है। इसके बाद कॉलेज ने सुप्रीम कोर्ट में अपील की है। फिलहाल मामले की सुनवाई की तारीख तय नहीं हुई है। कानूनी विशेषज्ञ इसे अहम मामला मान रहे हैं।
