चतरा गोलीकांड में सामने आया अपराधियों का इतिहास.
टीपीसी से जुड़े रहे दोनों पक्षों में हिंसा
गेंद्रा गांव की घटना ने पुराने आपराधिक इतिहास को उजागर किया है। मृतक देवेंद्र गंझु टीपीसी का पूर्व सदस्य था। उस पर 36 संगीन मामले दर्ज थे। पुलिस लंबे समय से उस पर नजर रखे थी। वहीं घायल श्याम भोक्ता भी टीपीसी से जुड़ा रहा है। वह एनआईए के मामले में आरोपी है।
घटना देर रात घर के अंदर शुरू हुई। आपसी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। गोलियां चलने से गांव में भय का माहौल बन गया। दो लोगों की जान चली गई। अन्य दो जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की।
प्रशासन ने इलाके में सतर्कता बढ़ा दी है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस पुराने केसों की भी समीक्षा कर रही है। आपसी रंजिश को मुख्य कारण माना जा रहा है। मामले की जांच जारी है। शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की गई है।
