हाईकोर्ट ने तरुण महतो पिटाई केस में मांगा विस्तृत जवाब.
पुलिस थानों में सीसीटीवी और डॉक्टर पर कार्रवाई का सवाल.
रांची में झारखंड हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण सुनवाई की। मामला तरुण महतो की कस्टडी पिटाई से जुड़ा है। कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लेते हुए याचिका दर्ज की है। चीफ जस्टिस एमएस सोनक की खंडपीठ ने सुनवाई की। सरायकेला एसपी को जवाब देने का निर्देश मिला। उनसे सीसीटीवी व्यवस्था की जानकारी मांगी गई। कोर्ट ने रिपोर्ट पेश करने को कहा है। पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठे हैं। मामले को संवेदनशील माना गया है। पारदर्शिता सुनिश्चित करने की बात कही गई है।
स्वास्थ्य विभाग से भी जवाब मांगा गया है। प्रधान सचिव हेल्थ को नोटिस जारी हुआ है। मेडिकल अधिकारी की भूमिका जांच के दायरे में है। उसी डॉक्टर ने फिट फॉर कस्टडी सर्टिफिकेट दिया था। कोर्ट ने कार्रवाई की जानकारी मांगी है। अगली सुनवाई 18 जून को होगी। तब तक जवाब देना जरूरी है। राज्य सरकार ने रिपोर्ट दाखिल की है। सरकार ने मुआवजा देने की जानकारी दी। पीड़ित को 1.5 लाख रुपये दिए गए हैं।
मामले में अधिवक्ता रितेश कुमार महतो ने पक्ष रखा। तरुण महतो 2024 में प्रत्याशी रह चुके हैं। 19 नवंबर 2025 को पुलिस ने उन्हें पकड़ा था। आरोप है कि हिरासत में पिटाई हुई। उन्हें थर्ड डिग्री टॉर्चर दिया गया। इस पर उनकी पत्नी ने पत्र लिखा था। कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया। पहले भी एसपी को बुलाया गया था। अब सुनवाई जारी है। कोर्ट का रुख कड़ा बना हुआ है।
